4 साल पहले की थी बिजनेस की शुरुवात, आइडिया भयंकर था; आज बन गयी 14 हजार करोड़ की कंपनी

0
2377

सुमित गुप्ता ने सॉफ्टवेर इंजिनियर इंटर्न के तौर पर एलएसटी इन्फोटेक में मई 2010 से जुलाई 2010 तक कार्य किया रिसर्च फेलोशिप के रूप में कार्लस्रुहे इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी में मई 2011 से जुलाई 2011 तक कार्य किया सॉफ्टवेर इंजिनियर इंटर्न के तौर पर Sony में मई 2012 से जुलाई 2012 तक कार्य किया डाटा रिसर्च एनालिस्ट के तौर पर कोलंबिया बिज़नेस स्कूल में मई 2013 से अक्टूबर 2013 तक कार्य किया सॉफ्टवेर इंजिनियर के रूप में Sony में जुलाई 2014 से अगस्त 2015 तक कार्य किया तथा Listup Company के CO-Founder बने तथा CoinDCX के Founder व CEO बने.

किप्‍टोकरेंसी एक्सचेंज क्‍वाइन-डीसीएक्‍स यूनिकॉर्न क्लब में शामिल हो जाने वाला पहला भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज बन चूका है. इसकी शुरुआत साल 2018 में करी गई थी और अभी के समय इसके यूजर्स की संख्या करीब 35 लाख को भी पार कर चुकी है. कंपनी ने सीरीज-सी फंडिंग राउंड में 9 करोड़ डॉलर जुटाए थे. इससे क्‍वाइन-डीसीएक्‍स कंपनी का वैल्यूएशन 1.1 अरब डॉलर पर पहुंच चूका है. तो आइए जानते हैं कैसे क्‍वाइन-डीसीएक्‍स ने भारत में अपने कदम जमाए.

ऐसे जुटाई गई धनराशि का उपयोग करा जाएगा
सीरीज-सी फंडिंग का नेतृत्व फेसबुक के सह-संस्थापक एडुआर्डो सेवरिन के बी कैपिटल ग्रुप ने करा था. मौजूदा निवेशकों क्‍वाइनबेस वेंचर्स, पॉलिचेन कैपिटल, ब्‍लॉक डॉट वन और जम्‍प कैपिटल ने भी फंडिंग के इस दौर में भाग लिया. क्‍वाइन-डीसीएक्‍स ने कहा कि इस फंड का एक बड़ा हिस्सा भारत में क्रिप्टोकरेंसी के बारे में लोगों में जागरूकता बढ़ाने के लिए इस्तेमाल करा जाएगा.

कंपनी कौन से प्रोडक्ट लॉन्च करेगी
एक्सचेंज के सह-संस्थापक और सीईओ सुमित गुप्ता ने कहा कि क्रिप्टो निवेशकों की संख्या और रिसर्च एंड डेवलपमेंट सुविधाओं को बढ़ाने के लिए हम वित्तीय प्रौद्योगिकी स्टार्ट-अप के साथ साझेदारी करने की भी योजना बना रहे हैं. उन्होंने कहा कि कंपनी आने वाले महीनों में उच्च-निवल मूल्य वाले व्यक्तिगत निवेशकों और संस्थानों के लिए क्‍वाइन-डीसीएक्‍स प्राइम इनिशिएटिव लॉन्च करने वाली है. इसके अलावा कंपनी कॉसमेक्‍स को ग्लोबल ट्रेडिंग प्रोडक्ट के तौर पर लॉन्च करने वाली है.

क्रिप्टोकरेंसी की मांग तेजी से बढ़ रही है
साल 2021 में करीब 22 भारतीय कंपनियां और स्टार्टअप यूनिकॉर्न क्लब से जुड़ चुके हैं. सुमित गुप्ता ने कहा कि हम सरकार के साथ मिलकर काम कर रहे हैं ताकि अनुकूल नियमों, शिक्षा की पेशकश और भर्ती पहल को अपनाने में तेजी लाई जा सके. देश में डिजिटल एसेट्स और क्रिप्‍टोकरेंसी की मांग तेजी से बढ़ रही है. इसके एवज में भी बहुत ही कम प्लेटफॉर्म लोगों को उनकी उम्मीदों के अनुसार सुरक्षा, क्षमता दे पाते हैं.

उन्होंने ऐसा भी कहा कि जुटाई गई धनराशि को विस्तार के लिए आवंटित किया जाएगा ताकि अधिक से अधिक भारतीयों को क्रिप्‍टो की ओर आकर्षित किया जा सके. आज क्‍वाइन-डीसीएक्‍स भारत में शीर्ष 4 क्रिप्‍टोएक्‍सचेंज में शामिल हो चुके है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here